NBPNEWS/अंबागढ़ चौकी,10 सितंबर 2025। अंबागढ़ चौकी विकासखंड के ग्राम हाथीकन्हार में स्थित प्राथमिक शाला की स्थिति बेहद चिंताजनक हो गई है। यहां पदस्थ सहायक अध्यापिका के रवैए से परेशान ग्रामीणों ने आखिरकार स्कूल का बहिष्कार कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि अध्यापिका विगत कई वर्षों से पढ़ाई पर ध्यान नहीं दे रही, जिसके चलते बच्चों को अक्षरज्ञान तक नहीं है।
ग्रामीणों ने बताया कि स्कूल में पदस्थ शिक्षिका पिंकी भारद्वाज वर्ष 2008-09 से पदस्थ हैं, लेकिन बच्चों को पढ़ाने में उनकी रुचि बिल्कुल नहीं है। इस सत्र में स्कूल खुले तीन माह बीत चुके हैं, लेकिन अब तक एक भी पाठ नहीं पढ़ाया गया।
बच्चों का भविष्य दांव पर
गांव के पालकों का कहना है कि पढ़ाई नहीं होने से उनके बच्चों का भविष्य अंधकार में जा रहा है। यही कारण है कि आधे से अधिक गरीब मजदूर परिवार अपने बच्चों को मजबूरीवश अंबागढ़ चौकी नगर के निजी स्कूलों में पढ़ा रहे हैं।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि स्कूल की लिपाई-पुताई, मरम्मत और साफ-सफाई वर्षों से नहीं कराई गई। साथ ही आशंका व्यक्त की कि शासन से मिलने वाली रखरखाव राशि का दुरुपयोग भी हो सकता है।
शिक्षा अधिकारी मौके पर पहुँचे
मामले की गंभीरता को देखते हुए आज सुबह प्राथमिक शाला में बच्चों की सामूहिक अनुपस्थिति की जानकारी मिलते ही खंड शिक्षा अधिकारी एस.के. धीवर और बीआरसीसी संतोष पांडे मौके पर पहुँचे। उन्होंने पालकों से चर्चा की और आगे की कार्यवाही का आश्वासन दिया।
ग्रामीणों की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार बच्चों की शिक्षा के लिए योजनाएँ तो चला रही है, परंतु अध्यापिका की लापरवाही से पूरा प्रयास विफल हो रहा है। अब ग्रामीण एकमत होकर शिक्षिका के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
इस पूरे मामले पर खंड शिक्षा अधिकारी एस.के. धीवर ने कहा,
"मामले का संज्ञान लिया गया है। उचित कार्रवाई के लिए उच्च कार्यालय को रिपोर्ट भेजी जा रही है। जल्द ही आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।"
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